6 months old baby

Question: Mera beta 5 months ka hai.. sone ke time bohot rora hai.. aur agar mushkil se sogya.. phirse nind mese uthke jorose rone lgta hai.. mujhe samaj nhi ara kya karu.. aise q hota hoga.. pls help me.

1 Answers
सवाल
Answer: उसे भूक की वजह से नीन्द नी आ पाती . उसका पेट भरा होगा तो अच्छे से सोएगा अचानक उठे तो प्यार से सहलकर breatfeed करवाये
समान प्रश्न, उत्तर के साथ
सवाल: mera 3rd month abhi start huaa hai mughe anytime vometing jaisa feel hota hai aise lgta hai jaise बी.पी. low ho rha hai aur mai चक्कर खा kr gir jaungi डॉक्टर sidhe sone se mna kiye hai bt jab krvt lekr soti hu to dard k karn so nhi pati pet me anytime जलन hoti hai khana bhi km ho gya hai डॉक्टर ko bolti hu to ye sb hota hai normal bat hai bolti hai pls mughe kuch sughav de
उत्तर: प्रेग्नन्सी में सुबह के टाइम ये फील होना कि उलटी होने वाली है ये बहुत आम है lagbhag ९०%महिला को होता है ये ज्यादा तर हल्क फुल्का होता है और इससे लिए कोई विषेस उप चार कि जरुरत नहीं होती कुछ दिन बाद ठीक होता है ज्यादातर ये चौथे महीने के बाद बंद होता है सबके साथ अलग अलग होता किसी को ज्यादा तो किसी को कुम्। ये हार्मोनल चेंज होने कीवजह से होता है। अगर आपको बहुत ज्यादा होय्रः है तो आप आधा चम्मच प्याज का रन्स और आधा चम्मच नीबू का रन्स मिला कर उसमे थोड़ी सेंधा नमक मिला सकते है fir उसे chatneसे उलटी र्जी मचलाना काम होता है, नारियल पानि, धनिये का रन्स ये सब पि सकती ह गर्भावस्था के दौरान अगर आप को उल्टी की परेशानियां है तो आप हमेशा अपने साथ बाद में टिश्यू पेपर प्लास्टिक बैग नींबू और नमक हमेशा अपने साथ रखें और वह के साथ को अच्छा करने के लिए फलों के swad वाली कोई toffy या फिर पिपरमेंट की गोलियां रख सकते हैं meva, बिस्किटaur पानी की बोतल भी साथ में रखें क्योंकि बिस्किट या meve थोड़े-थोड़े खाते रहने से उल्टी से आराम रहता हैnibu sunghane से भी उल्टियां कम होती है गर्भावस्था के दौरान रक्तचाप खासकर मां और बच्चे दोनों के स्वास्थ्य के लिए बहुत जरूरी होता है रक्तचाप ना तो ज्यादा होना चाहिए और ना ही धीमा होना चाहिए ब्लड प्रेशर नार्मल 120/80 mmhgहोता है लेकिन अगर यह ब्लड प्रेशर90/60mmhg फोटो ब्लड प्रेशर का लो होना माना जाता है ज्यादातर गर्भावस्था में पहली तिमाही और दूसरी तिमाही में ब्लड प्रेशर लगातार कम बना रहता है लेकिन तीसरी तिमाही तक यह सामान्य हो जाता है ब्लड प्रेशर बढ़ने पर आप कुछ घरेलू उपाय कर सकते हैं अगर आपका ब्लड प्रेशर बहुत ज्यादा स्लो हो गया हो तो आप नमक का पानी पी सकते हैं क्योंकि यह ब्लड प्रेशर को बढ़ाने में कारगर होता है ज्यादा नमक का उपयोग ना करें लेकिन आप हल्का नमक पानी पी सकते हैं इसमें सोडियम होने के कारण या ब्लड प्रेशर को बढ़ाता है आधा चम्मच नमक को आप एक का एक गिलास पानी में मिला सकते हैं आप कॉफी या चाय का उपयोग कर सकते हैं जिसमें ज्यादा शुगर ना मिला हो किसने कैफीन की मात्रा होने से यह ब्लड प्रेशर को स्तर पर सामान्य स्तर पर लाने का मदद करता है आप किशमिश को भिगोकर सुबह खाली पेट में खा सकते हैं आप तुलसी के पत्ते का जूस निकालकर खाली पेट में पीने से लाभ होता है मुलेठी की चाय बनाने के लिए मुलेठी का सूखा पाउडर को एक कप पानी में 5 मिनट तक के उबालें फिर इसे पिएं इससे भी कम हुआ ब्लड प्रेशर को सामान्य स्तर पर लाने में मदद करता है आप चुकंदर का जूस पी सकती हैं बदाम भी ब्लड प्रेशर को बढ़ाने में मदद करता है गाजर नींबू इन सब का जूस भी बहुत मददगार होता है प्रेगनेंसी के कारण चक्कर आना बहुत से कारण हो सकते हैं प्रेगनेंसी में चक्कर आना ज्यादातर 8 सप्ताह के आस-पास ही ज्यादा होता है क्योंकि इस समय बहुत ज्यादा उल्टी होने की वजह से जिससे कि सारे इलेक्ट्रोलाइट और न्यू ट्रेंस बाहर निकल जाते हैं शरीर से जिसके वजह से BP लो हो जाता है और फिर चक्कर आने लगता है प्रेगनेंसी में प्रोजेस्टेरोन हार्मोन के वजह से यह ब्लड वेसल्स की दीवारों को शिथिल बना देता है जिसकी वजह से ब्लड प्रेशर कम होने लगते हैं और चक्कर आने लगते हैं और भी अन्य कारण है जिसकी वजह से आप को चक्कर आ सकते हैं जैसे अगर आप एकदम अचानक से खड़े होते हैं तो उस समय आपकी ब्रेन को सही मात्रा में ब्लड नहीं पहुंच पाता उसकी वजह से भी आप को चक्कर आता है यदि आप अपने खाने में आयरन की मात्रा की कमी कर रहे होंगे तो आपको एनीमिया की वजह से भी चक्कर आने लगते हैं| बहुत गर्मी होने की वजह से भी कभी-कभी सर घूमता है प्रेगनेंसी में अगर आपका बैठने उठने का तरीका सही नहीं होने पर भी आप को चक्कर आने लगते हैं आप कुछ उपाय कर सकते हैं जैसे बैठने उठने में ध्यान दें पानी उचित मात्रा में पिए क्योंकि पानी की कमी से भी आप को चक्कर आने लगते हैं और अपने खाने में आयरन की मात्रा को बढ़ाएं प्रेगनेंसी में हमेशा आप को उल्टे हाथ के साइड सोना चाहिए क्योंकि इस साइड आपका ह्रदय उपस्थित होता है जिसके कारण बच्चे के शरीर में ब्लड का सरकुलेशन बहुत अच्छी तरह से होता है जिससे बच्चे का विकास बहुत तेजी से और बहुत अच्छे से होता है अगर आप उल्टे हाथ के साइड सोते हैं तो आपको कोई तकलीफ भी नहीं होगी इसलिए हमेशा प्रेग्नेंसी में उल्टे हाथ की तरफ होना चाहिए उल्टे हाथ की तरफ सोने से शरीर के सारे सिस्टम भी बहुत अच्छे से काम करते हैं क्योंकि सारे सिस्टम में ब्लड का सरकुलेशन अच्छे होने से वह अपना कार्य बहुत अच्छे से करते हैं जिससे कि आपका पाचन भी बहुत जल्दी होता है और इसे गैस की भी समस्या नहीं आती
»सभी उत्तरों को पढ़ें
सवाल: hello mam mera beta 5varsh ka hai or meri kisi bat ko nahi manta hai humesa use mobail chahiye gem khelane ke liye or na do to rota hai uske rone ki aadat ko kaise humesha ke liye khatm kare or apni bat manvaye or rat me 12 baje ke bad hi sota hai use bolne ki aadat ban gai hai humsha bolta rahta hai uska muh to kavi band hi nahi hota hai agar koi na use bole tavi v apne akele hai tavi v bolta hai sabse buri aadat rone ki lagti hai kya karu.
उत्तर: हेलो डियर हम लोग अपने बच्चों के प्यार में उनकी शुरुआत में हर से पूरी करने लगते हैंऔर उनके रोने से डरते हैं इसलिए हमारे बच्चे जिद्दी हो जाते हैंबच्चों के रोने से बिल्कुल न डरेंऔर शुरुआत में ही बच्चे को कोई जिद न करने देंअगर बच्चा किसी चीज के लिए जिद करके रो रहा है तो उसको रोने देंबच्चे को यह पता चल जाता है कि मैं इस चीज के लिए अगर होंगा तो मेरी माँ मुझे मुझे जरूर दे देगी इसलिए आप उसको रोने से न डरेंआज आज वो छोटी चीज के लिए रहेगा और कल बड़ी चीज के लिए एक दो दिन रोकर अपनी जिद बनवाने की आदत उसकी खत्म हो जाएगी
»सभी उत्तरों को पढ़ें
सवाल: Mera beta 8 months ka hai.... Usko 4 mobths ke ba hi daat ane shuru hue. ... Abhi niche ke 2 daat hai aur uppar ke 2 aana shuru hua hai.... Wo feeding karte vakt kabhi kabhi katata hai... To mere ek nipple par jakhm hua hai..... Usko kya laga sakti hu.... Aise me feeding karana thik hoga?..vahot dard hota hai..... Wo jakhm jaldi thik bhi nahi ho raha
उत्तर: बच्चे ज्यादातर दूध पीने के दौरान स्तन को तभी करते हैं जब उनको मुंह में खुजलाहट होती है यह हरकत बहुत ही dardbhari होती है बच्चे के दांत निकलना शुरू होते हैं तो उनके मसूड़े कठोर हो जाते हैं और कठोर मसूड़ों को आराम देने के लिए बच्चे हर चीज को चबाने लगते हैं और मुंह के अंदर भी लेने लगते हैं जबरदस्ती तेरा तू है तो मुझे रोक आराम देने के लिए वह निप्पल को काटने लगते हैं इसलिए अगर बच्चे के दांत आ चुके होंगे तो ज्यादा अच्छा होगा कि आप उन्हें अपना दूध पिलाना कम करें और बाहर का आहार उनको दे ताकि आपका दूध पीने का जरूरत ना पड़े यदि वहां स्तनपान कराने के टाइम आपका बच्चा काटता है तो आप जैसे भी प्रतिक्रिया करेंगे उसको बार-बार देखने के लिए बच्चा जानबूझकर के काटता है इसलिए उस टाइम आप को प्रतिक्रिया ना दें यह बहुत कठिन होता है लेकिन आपको इसके लिए कोशिश करनी पड़ेगी या फिर जब भी वह स्तनपान करने के टाइम पर काटे तो उस टाइम जोरों से कीजिए ताकि इसे बच्चा डर जाता है और स्तनपान करना छोड़ देता है अगर उसकी मसूड़ों में खुजली हो रही होगी तो आप उसे गाजर या फिर किसी फल का लंबा सा टुकड़ा दे दे ताकि उसके चबाने से बच्चों के मसूड़े पर होने वाली खुजली से राहत milega आप मार्केट में मिलने वाले टीचर का भी उपयोग कर सकते हैं इससे भी बच्चों के मसूड़े मैं होने वाली खुजली से बच्चों को राहत मिलता है
»सभी उत्तरों को पढ़ें