29 सप्ताह की गर्भवती माँ

Question: prqgency me mungfali akhrot khana sayi hai kya pragency me kha sakte hain kya ar kathal ki sabji v kha sakte hain kya muje 7 month chl raha hai plz ans dejiye

1 Answers
सवाल
Answer: हैलो डियर-जी हां आप मूंगफली और अखरोठ खा सकती हैं।ईसमें आयरन प्रोटीन, विटामिन बी 6, विटामिन डी ,ओमेगा 3, होते हैं जो बच्चे के मांसपेशि और ब्रेन डेवलपमेंट सहायक है इसे खाने से आयरन की कमी दूर होती है कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल मे रहता है कब्ज से राहत होती है । गर्भवती महिला के लिए कटहल हानिकारक हो सकता है खासकर पहले तीन महीनो में।कटहल एक सब्ज़ी होती है,कटहल में vitamin c की मात्रा भी बहुत अधिक होती है, इसका सेवन बहुत ही कम मात्रा में करें गर्भावस्था में आपको इसके सेवन से परहेज रखना चाहिए।
समान प्रश्न, उत्तर के साथ
सवाल: kya pregnency m kathal ki sabji kha sakte hai
उत्तर: हेलो डियर, आप pregency me कटहल ki sabji खा सकते हो. कटहल प्रेग्नेंसी मे खाना बहोत अच्छा होता है. उनमे ये सब विटामिन पाए जाते हैं. कटहल में जिंक, कैल्शियम, आयरन, मैग्नीशियम और बीटा-केरेटिन जैसे मिनरल्स पाए जाते हैं जो जच्चा और बच्चा दोनों के लिए लाभदायी होते हैं.कटहल एक रेशेदार फल है जो गर्भवती महिलाओं में कब्ज और पाचन से संबंधी परेशानी को सही करने में मदद करता है. कटहल पेट में होने वाले संक्रमण से भी बचाता है. ख्याल रखना डियर.
»सभी उत्तरों को पढ़ें
सवाल: 7th month pregnancy me kathal ki sabji kha sakte hai
उत्तर: हेलों आप सिमित मात्रा में कटहल खा सकती है इसमें कोई प्रॉब्लम नही है इसमें फाइबर भरपूर पाये जाते है जिसके कारण कब्ज़ जैसे समस्या नही होती है और पाचन सही बना रहता है .प्रेग्नेंसी के समय में कटहल खाने से शरीर में हार्मोन्स का संतुलन बना रहता है.कटहल में जिंक, कैल्शियम, आयरन, मैग्नीशियम और बीटा-केरेटिन जैसे मिनरल्स पाए जाते हैं जो कि माँ और बेबी दोनों के लिए फ़यदेमन्द है .
»सभी उत्तरों को पढ़ें
सवाल: mene aj fish khayi fish khana sayi hai kya pragency me plz ans
उत्तर: गर्भावस्था में मछली खाना मां और बच्चे दोनों के ही लिए फायदेमंद होता है. गर्भावस्था में महिला को मछलियों का सेवन करना चाहिए. गर्भावस्था में मछली खाने से होने वाली संतान को सांस से जुड़ी समस्याएं होने का खतरा कम हो जाता है. इसके अलावा मां द्वारा गर्भावस्था में मछली खाने से अस्थमा होने का खतरा भी कम हो जाता है.
»सभी उत्तरों को पढ़ें