10 महीने का बच्चा

Question: मेरी बेटी का वेट किलो की है वो जनम के समय किलो की थी आब कुछ खाती हाइ नही बहुत roti है

2 Answers
सवाल
Answer: हेलो डिअर बेबी छोटे होते है तो आपको ही चेक करना पड़ेगा की कोई प्रॉब्लम तो नही है बेबी को। बेबी क्यों रो रही है, क्यों खाना नही खा रही है। बेबी को कोल्ड और फीवर होगा तब भी नही खाएगी और रोने का रीज़न हो सकता है। बेबी के पेट् में दर्द तो नही है। बॉडी में कही और तो पीडा नही हो रहा है। टीथिंग के कारण भी ऐसा होता है। ऐसे में माँ को बेबी को खूब प्यार देना चाहिए उसके साथ ज्यादा टाइम स्पेंड करे। वो ख़ुशी से जो खाए सिर्फ वो खिलाइये। फाॅर्स मत कीजिये वो बॉडी में भी नही लगेग। कभी कभी एक ही तरह के खाने से भी बोर हो जाते है बेबी कोअलग अलग प्रकार का भोजन दीजिए। मिल्क के लिए फोर्स न करिये सॉलिड पे ध्यान दीजिए इस उम्र में सॉलिड ज्यादा जरुरी है
Answer: बेबी को क्या खिलायें जिसे वो स्वस्थ हो ऑर खुशी से खायें
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सवाल: मेरी बेटी सात महीने की है उसका वज़न पाचं किलो ही हुआ है वो जनम के टाइम सात सो ग्राम की थी कैसे उसका वेट गेन किया जायें
उत्तर: जिन बच्चों का वजन जन्म के समय कम रहता है उन्हें कई प्रकार के समस्याओं का सामना करना पड़ता है। सबसे पहली समस्या यह है की ऐसे बच्चों के शरीर में वासा की मात्रा बेहद निचले स्तर पे होती है। जिसके कारण ये बच्चे अपने शरीर का तापमान बनाये रखने में असमर्थ होते हैं।  कम वजन जन्मे प्री-मेच्योर नवजात बच्चों के लिए तो माँ का दूध मानो अमृत तुल्य है। माँ के दूध से बच्चे के शरीर को एंटीबाडी मिलता है। एंटीबाडी एक तरह का प्रोटीन है जो बच्चे के शरीर में पनप रहे संक्रमण को मार भगाता है। चूँकि बच्चे का immune system पूरी तरह विकसित नहीं है इसलिए वो खुद antibody नहीं बना पता है। मगर जैसे जैसे बच्चा बड़ा होगा उसका immune system पूरी तरह विकसित हो जायेगा और तब उसका शरीर खुद ही संक्रमण से लड़ने में सक्षम हो जायेगा। यानि पहले 12 महीने कम वजन बच्चे को जितना हो सके अपना स्तनपान कराएं। यह उसके लिए आहार भी है और दवा भी।  इसके साथ ही साथ अपने डॉक्टर के संपर्क में भी रहे और उनकी सलाह भी लेते रहें।
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सवाल: मेरी बेटी का वजन जनम के समय 2 5kg था ओर अब उसका वजन 9 किलो है मिल्क के आलव कुछ नी खाती म ऐसा क्या करु जो मेरी बेटी का वजन बडे वो किलस ती भी ह भूत
उत्तर: हेलो डियर यदि आपका बच्चा एक्टिव है तो चिंता न करें आप अपने बच्चे का बहुत ही आसानी से वजन बढ़ा सकते हैंआप अपने बेबी को घर का बना पौष्टिक आहार दें जैसे कि सूजी का दूध रागी का हलवा सभी तरह की दालें चावल उबला आलू पनीर पोहा अंडा सूप चाहें तो वेजिटेबल या अगर आप चिकन खाते हैं तो चिकन का सूप दाल के साथ रोटी हरी सब्जियों के साथ रोटी सॉफ्ट परांठा जो कि आप बहुत ही आसानी से बना सकते हैं इसके लिए आप आटे में दूध मिलाकर गुनकर बनाएं इससे बहुत रोटी सॉफ्ट बनती है बच्चा आसानी से खा लेता है बच्चे को अलग अलग वैरायटी ऑफर करें खाने में और बच्चे की डाइट में घी और बटर भी शामिल करें इससे भी बच्चे का वेट बढ़ता है टाइम से पानी भी देते रहे पानी पीने से भी बच्चे को खुलकर भूख लगती हैं बाकी आप अपने बच्चे को अपने दूध के साथ साथ ऊपर का दूध भी दे चिंता नहीं करें डियर बच्चे का ऐक्टिव होना बहुत जरूरी है यदि आपका बच्चा एक्टिव हैं तो आप ज्यादा चिंता नहीं करें बैठ बढ़ जाएगा:)
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सवाल: मेरी बेटी का वेट जनम के समय 3 किलो था और अभी 4 किलो है जबकि वो 2 महिने की है क्या करु की उसका वज़न बढ़े
उत्तर: हेलों इस समय बच्ची का वेट 4.8 के.जी. के आसपास होना चाहिए आपके बेबी का वेट 4 के.जी. है .जो कुछ कम है .बच्ची आपकी ऍक्टिव है और वेट कम है तो ये नॉर्मल है .ऐसे में पहले आप अपना खाना हेल्थी और संतुलित रखें क्योकी आपके बेबी का आहार माँ का ढूध होता है डिलिवरी के बाद माँ बहुत कमज़ोर हो जाती है बेबी को हेल्थी करने के लिए माँ का स्वस्थ रहना ज़रूरी होता है आपके हेल्थी होने से आपका मिल्क भी बेबी के लिए हेल्थी होगा आप आयरन प्रोटीन कैल्सीअम से भरपूर खाना खाएं ताकि बेबी को पूरे पोषण आपके मिल्क से मिलें आप दालें अनाज राजमा मूनगफ़लि चने दलिया मिल्क दही ड्राइ फ्रूट्स,गुड के लड्डू खाएं ये लड्डू प्रेजेनसी के बाद बहुत हेल्थी होते है और बच्चे को समय से बार बार फीड करायें ताकि बच्चे को पूरे पोषण मिलें और पानी की कमी बच्चे को ना हो .बच्चे की मालिश करे .उसके आसपास साफ़ सफ़ाई का धयान दे .हर फीड से पहले आप अपने हाथ साफ़ रखें ताकि कोई इन्फेक्शन ना हो .
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