4 सप्ताह की गर्भवती माँ

Question: डायट ऑफ मन्नत pregnancy

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सवाल
Answer: हेलो डियर,आयरन प्रोटीन calcium वाले खाद्य पदार्थ ज्यादा से ज्यादा लेना चाहिए| खाद्य पदार्थों में जैसे दरिया बाजरा दूध हरी सब्जियां फल चावल इन सबका सेवन करना चाहिए|आयरन ( पालक हरी सब्जियां ग्रीन पीस सोयाबीन अंकुरित चना )हीमोग्लोबिन को बढ़ाने में बहुत ही helpful होता है विटामिन सी वाले आहार भी खाने चाहिए कैल्शियम आपको भरपूर मात्रा में लेना चाहिए आपको प्रॉपर दूध दही पनीर चीज रागी हरे पत्तेदार सब्जियां खाना चाहिए इनसे आपको विटामिन डी भी मिलता है | सुबह मॉर्निंग वॉक जरूर करें और सन लाइफ में थोड़ी देर जरूर रहे| दिन में कम से कम 12 से 15 गिलास पानी जरूर पीजिए और फाइबर युक्त अनाज जरूर खाइएl सलाद खूब सारा खाएं जैसे चुकंदर गाजर ककड़ी टमाटर इन सब का भी सेवन करना चाहिए| ओमेगा 3 वाले फूड भी जरूर खाएं जैसे दूध दही चीज ड्राई फ्रूट्स गाजर पत्तागोभी इन सब में ओमेगा-3 भी पाया जाता है| 1 ग्लास जूस आप दिन में पी सकती है| केला जरूर खाना चाहिए l विटामिन सी फ्रूट्स जैसे नींबू संतरे का जूस मुसम्मी b लेना चाहिए क्योंकि इसमें फोलिक एसिड पाया जाता है| सुबह शाम ग्लास दूध अवश्य पीना चाहिए मलाई निकला हुआ दूध पीजिए, ताजा दही दिखाइए
समान प्रश्न, उत्तर के साथ
सवाल: डायट चार्ट ऑफ मन्नत baby
उत्तर: हेलो डियरसुबह के समय आप अपने शिशु को अपना दूध पिलाएं, क्योंकि इस समय शिशु के लिए स्तनपान सबसे अच्छा माना जाता है। इसलिए शिशु के उठते के साथ ही आप उन्हें स्तनपान कराएं। जब आप शिशु को मालिश के लिए ले जा रही हों यानि कि नहाने से पहले तब आप उन्हें दाल का पानी पीने के लिए दे सकती हैं। क्योंकि यह उनके लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। लेकिन, इस बात का ध्यान रहे कि शिशु को इस समय सिर्फ उबला हु दाल का पानी दिया जाना चाहिए, बिना तड़का लगा हुआ। नहाने के बाद आप अपने शिशु को अपना ही दूध पिलाएं, क्योंकि इस समय शिशु स्तनपान करते करते ही गहरी नींद में सो जाते हैं। क्योंकि, मालिश और नहाने के बाद बच्चे का बॉडी रिलैक्स हो जाता है। दोपहर के समय आप अपने शिशु को घर का बना हुआ ताज़ा जूस या सूप दे सकती हैं। क्योंकि, इस समय जूस देने से शिशु में जुकाम का खतरा नहीं रहता है। लेकिन, इस बात का जरूर ध्यान रखें कि आपअपने शिशु को घर का निकला हुआ ही जूस दें। क्योंकि, बाहरी या डिब्बाबंद जूस से संक्रमण होने का खतरा रहता है। शाम के समय आप अपने बच्चे को मूंग दाल की खिचड़ी दे सकती हैं, क्योंकि इससे शिशु का पेट भरा-भरा सा रहेगा, और साथ ही इसे पचने में भी आसानी होगी। रात में सोने से पहले कोशिश करें कि आप अपने बच्चे को सूजी की खीर या दलिया दे सकती हैं। क्योंकि, इससे शिशु का पेट तो भरा रहेगा ही साथ ही रात में वह बार-बार स्तनपान की डिमांड नहीं करेगा और वह आसानी से सोया रहेगा। क्योंकि, अक्सर बच्चे भूख के कारण ही रात में उठते हैं।
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सवाल: 6 मन्नत बेबी डायट चैट
उत्तर: हेलो सुबह के समय आप अपने शिशु को अपना दूध पिलाएं, क्योंकि इस समय शिशु के लिए स्तनपान सबसे अच्छा माना जाता है। इसलिए शिशु के उठते के साथ ही आप उन्हें स्तनपान कराएं। जब आप शिशु को मालिश के लिए ले जा रही हों यानि कि नहाने से पहले तब आप उन्हें दाल का पानी पीने के लिए दे सकती हैं। क्योंकि यह उनके लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। लेकिन, इस बात का ध्यान रहे कि शिशु को इस समय सिर्फ उबला हु दाल का पानी दिया जाना चाहिए, बिना तड़का लगा हुआ। नहाने के बाद आप अपने शिशु को अपना ही दूध पिलाएं, क्योंकि इस समय शिशु स्तनपान करते करते ही गहरी नींद में सो जाते हैं। क्योंकि, मालिश और नहाने के बाद बच्चे का बॉडी रिलैक्स हो जाता है। दोपहर के समय आप अपने शिशु को घर का बना हुआ ताज़ा जूस या सूप दे सकती हैं। क्योंकि, इस समय जूस देने से शिशु में जुकाम का खतरा नहीं रहता है। लेकिन, इस बात का जरूर ध्यान रखें कि आपअपने शिशु को घर का निकला हुआ ही जूस दें। क्योंकि, बाहरी या डिब्बाबंद जूस से संक्रमण होने का खतरा रहता है। शाम के समय आप अपने बच्चे को मूंग दाल की खिचड़ी दे सकती हैं, क्योंकि इससे शिशु का पेट भरा-भरा सा रहेगा, और साथ ही इसे पचने में भी आसानी होगी। रात में सोने से पहले कोशिश करें कि आप अपने बच्चे को सूजी की खीर या दलिया दे सकती हैं। क्योंकि, इससे शिशु का पेट तो भरा रहेगा ही साथ ही रात में वह बार-बार स्तनपान की डिमांड नहीं करेगा और वह आसानी से सोया रहेगा। क्योंकि, अक्सर बच्चे भूख के कारण ही रात में उठते हैं।
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सवाल: डायट चार्ट 4 मन्नत baby
उत्तर: 4 मंथ old बेबी को आप अभी कुछ ना खिलायें , अभी बेबी को आप बस अपना दूध पिलाये , या फॉरम्यूला मिल्क हाइ दे जब बेबी 6 माह का हो जायें तब आप बच्चें को मां के दूध के साथ-साथ फ्रूट जूस जैसे- संतरा, मौसमी, कीनू व सेब का जूस इत्यादि दिया जा सकता है। लेकिन ध्यान रखें कि जूस घर पर ही निकाला हुआ हो, बाजार का न हो। चावल, सूजी की खीर व दलिया को दूध में पका कर खिला सकती है। लौकी, गाजर, आलू जो उसे पसंद आए, उस का सूप बना कर दें। इन सब्जियों को मूंग की दाल की खिचड़ी में भी मिला कर दे सकती हैं। चावल और मूंग की दाल मिला कर प्लेन खिचड़ी दे सकती हैं। ग्लूकोज बिस्कुट और दूध मिलाकर दें। इडली, सांभर भी दिया जा सकता है। इन सब ठोस आहार के साथ पानी हमेशा उबाल कर ठंडा कर के ही दें और कम से कम डेढ़, 2 साल तक बच्चे को ब्रैस्ट फीडिंग कराएं।
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